मात्र भाषा नहीं, मातृभाषा है हिन्दी


आंग्लभाषा भी है, फ्रेंचभाषा भी है,
रूसीभाषा भी है, चीनीभाषा भी है,
भाषा सब हैं, मगर मात्र हैं;
मात्र भाषा नहीं, मातृभाषा है हिन्दी।।

प्रेम माता सा कोई भी दूजा नहीं,
मातृसेवा से बढ़कर है पूजा नहीं,
मातृभाषा की उन्नति का निश्चय करो;
ज्ञान के साथ संस्कृति का संचय करो।।

Comments

  1. वाह...
    हिन्दी तो हिन्दी ही है
    सादर

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